महासमुंद में सीमांकन — पूरी जानकारी
महासमुंद जिले में सीमांकन (Simankan) तब जरूरी होता है जब: (1) पड़ोसी से Border Dispute हो, (2) जमीन खरीदने-बेचने से पहले, (3) Construction के लिए Plot का Exact Area चाहिए। LandSeva.in इसे Online बनाता है।
महासमुंद में Simankan के बाद Revenue Office में Updated Map और Records दर्ज होते हैं।
LandSeva.in पर Survey Request Submit करें और Patwari Visit की Date Online देखें।
सीमांकन की प्रक्रिया — महासमुंद
खसरा/B-1 विवरण के साथ LandSeva.in पर सीमांकन आवेदन तैयार करें।
आवेदन तहसील में प्रस्तुत करें और निर्धारित शुल्क जमा करें।
राजस्व निरीक्षक/पटवारी द्वारा निर्धारित तिथि पर मौके पर भूमि की माप की जाती है।
माप के अनुसार भूमि की वास्तविक सीमाओं पर चिन्ह स्थापित किए जाते हैं।
सीमांकन प्रतिवेदन तैयार कर प्रकरण का निराकरण किया जाता है।
- सीमांकन: 3 माह (सक्षम अधिकारी — तहसीलदार / नायब तहसीलदार / उप तहसीलदार)
निर्धारित समय-सीमा में कार्य न होने पर संबंधित उच्च अधिकारी — पटवारी स्तर पर तहसीलदार, तहसीलदार स्तर पर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) और उसके ऊपर कलेक्टर — के समक्ष शिकायत की जा सकती है। पूरी समय-सीमा गाइड पढ़ें →
महत्वपूर्ण: LandSeva आवेदन तैयार करने एवं मार्गदर्शन में सहायता करता है। प्रमाण पत्र/आदेश जारी करने का अधिकार संबंधित सक्षम शासकीय अधिकारी के पास होता है।